ऐसा जन्मदिवस भारतवासी मनाएं
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ऐसा जन्मदिवस भारतवासी मनाएं

हे पुण्यशाली अभिभावको !

आप अपने लाड़लों का जन्मदिवस भारतीय संस्कृति के अनुसार ही मनायें ताकि आगे चलकर ये मासूम नौनिहाल पाश्चात्य संस्कृति के गुलाम न बनकर भारत के सम्माननीय नागरिक बन सकें।
ध्यान दें- जन्मदिवस के अवसर पर पार्टियों का आयोजन कर व्यर्थ में पैसा उड़ाना कहाँ तक उचित है ? इससे देश के ये भावी कर्णधार कौन सा आदर्श लेंगे ? आप आज से ही जन्मदिवस भारतीय संस्कृति के अनुसार मनाने का दृढ़ निश्चय कर लें। 

इस दिन बच्चे के हाथों से गरीब बस्तियों, अनाथालयों में भोजन, वस्त्र इत्यादि का वितरण करवाकर बच्चे में अपने धन को सत्कर्म में लगाने के सुसंस्कार डालें। 

लोगों से चीज-वस्तुएँ (गिफ्टस) लेने के बजाये अपने बच्चे को दान करना सिखायें, ताकि उसमें लेने की नहीं अपितु देने की सवृत्ति विकसित हो।

बच्चे में भगवदभाव एवं देशभक्ति के विकास हेतु उस दिन उसे बालभक्तों की कहानियाँ सुनायें,गीता-पाठ करायें, बड़े बुजुर्गों को प्रणाम करवाकर उनसे आशीर्वाद दिलवायें। 

वृक्षारोपण जैसे पर्यावरण के प्रति प्रेम उत्पन्न करने वाले एवं समाज हित के कार्य करवायें।

बच्चा उस दिन अपने गत वर्ष का हिसाब करे कि उसने वर्ष भर में क्या-क्या अच्छे और बुरे काम किये ? जो अच्छे कार्य किये हों उन्हें भगवान के चरणों में अर्पण कर दे और जो बुरे कार्य हुए उनको आगे भूलकर भी न दोहराने और सन्मार्ग पर चलने का शुभ संकल्प करे।

उस दिन बालक से कोई भी एक संकल्प करवायें जैसे - ʹआज से स्वस्तिक या सदगुरुदेव के श्रीचित्र पर नियमित रूप से त्राटक करूँगा इत्यादि। बच्चे से यह भी संकल्प करवायें कि वह नये वर्ष में सदगुण,सदाचारों के पालन में पूरी लगन से लगाकर अपने माता पिता व देश के गौरव को बढ़ायेगा।

ये बच्चे ऐसे महकते फूल बन सकते हैं कि अपनी निष्काम कर्मरूपी सुवास से वे केवल अपना घर, पड़ोस, शहर, राज्य व देश ही नहीं बल्कि पूरे विश्व को सुवासित कर सकते हैं।
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